Follow Us:

Stay updated with the latest news, stories, and insights that matter — fast, accurate, and unbiased. Powered by facts, driven by you.

भारत बना दुनिया में हथियारों का नया पॉवरहाउस! 2.8 अरब डॉलर के डिफेंस एक्सपोर्ट से रचा इतिहास

भारत बना दुनिया में हथियारों का नया पॉवरहाउस! 2.8 अरब डॉलर के डिफेंस एक्सपोर्ट से रचा इतिहास

भारत बना दुनिया में हथियारों का नया पॉवरहाउस!

2.8 अरब डॉलर के डिफेंस एक्सपोर्ट के साथ रचा इतिहास

कभी दुनिया में हथियारों का सबसे बड़ा आयातक माना जाने वाला भारत अब तेज़ी से वैश्विक रक्षा निर्माण शक्ति (Global Defence Manufacturing Hub) के रूप में उभर रहा है।
वित्त वर्ष 2024–25 में भारत का डिफेंस एक्सपोर्ट रिकॉर्ड 2.8 अरब डॉलर तक पहुँच गया है, जो न सिर्फ पिछले साल से 12% अधिक है, बल्कि 10 साल पहले की तुलना में करीब 34 गुना बढ़ोतरी को दर्शाता है।

डिफेंस एक्सपोर्ट में ऐतिहासिक उछाल

भारत के रक्षा निर्यात में यह उछाल सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ नीतियों का सीधा नतीजा माना जा रहा है।
आज भारत सिर्फ अपनी ज़रूरतें पूरी नहीं कर रहा, बल्कि 100 से ज़्यादा देशों को अत्याधुनिक रक्षा उपकरण निर्यात कर रहा है।

भारत जिन प्रमुख रक्षा उत्पादों का निर्यात कर रहा है, उनमें शामिल हैं:

मिसाइल सिस्टम

रॉकेट लॉन्चर

एडवांस रडार

गोला-बारूद

आर्टिलरी सिस्टम

रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स और स्पेयर पार्ट्स

घरेलू रक्षा उत्पादन में भी तेज़ रफ्तार

डिफेंस एक्सपोर्ट के साथ-साथ घरेलू रक्षा उत्पादन में भी तेज़ी देखने को मिली है।
सरकारी और निजी दोनों क्षेत्रों की कंपनियाँ अब बड़े पैमाने पर रक्षा उपकरणों का निर्माण कर रही हैं।
HAL, BEL, DRDO और निजी कंपनियाँ भारत को डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग पॉवरहाउस बनाने में अहम भूमिका निभा रही हैं।

2029 तक एक्सपोर्ट दोगुना करने का लक्ष्य

सरकार ने साफ संकेत दिए हैं कि भारत यहीं नहीं रुकेगा।
2029 तक डिफेंस एक्सपोर्ट को दोगुना करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया गया है।
इसके लिए:

नई टेक्नोलॉजी

स्टार्टअप्स को बढ़ावा

प्राइवेट सेक्टर की भागीदारी

तेज़ एक्सपोर्ट क्लीयरेंस सिस्टम

जैसे कई बड़े कदम उठाए जा रहे हैं।

दुनिया में भारत की बढ़ती साख

आज भारत केवल हथियार खरीदने वाला देश नहीं, बल्कि भरोसेमंद रक्षा आपूर्तिकर्ता (Reliable Defence Supplier) बन चुका है।
यह भारत की तकनीकी क्षमता, रणनीतिक सोच और वैश्विक प्रभाव को भी दर्शाता है।

निष्कर्ष

2.8 अरब डॉलर का डिफेंस एक्सपोर्ट भारत की बदलती तस्वीर का प्रमाण है।
भारत अब न सिर्फ अपनी सीमाओं की रक्षा कर रहा है, बल्कि दुनिया की सुरक्षा ज़रूरतों में भी अहम भूमिका निभा रहा है।

👉 भारत का यह सफर आने वाले वर्षों में उसे दुनिया के टॉप डिफेंस एक्सपोर्टर्स की सूची में शामिल कर सकता है।

डिफेंस एक्सपोर्ट में भारत की लंबी छलांग: अब दुनिया खरीद रही है भारत के  हथियार, 100 से ज्यादा देशों तक पहुंची हमारी ताकत - Perform India

Note: Content and images are for informational use only. For any concerns, contact us at info@rajasthaninews.com.

Share: