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Smartphone Price Hike: भारत में मोबाइल की कीमतें 21% बढ़ीं, बजट फोन की बिक्री पर पड़ा बड़ा असर

Smartphone Price Hike: भारत में मोबाइल की कीमतें 21% बढ़ीं, बजट फोन की बिक्री पर पड़ा बड़ा असर

Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदना हुआ महंगा, 2026 में बढ़ी कीमतें; बजट फोन की मांग पर बड़ा असर

Smartphone Price Hike: भारत में स्मार्टफोन खरीदना 2026 में पहले के मुकाबले महंगा हो गया है। Counterpoint Research के अनुसार 2026 की पहली छमाही में भारत में स्मार्टफोन की औसत बिक्री कीमत (ASP) करीब 16% बढ़ी। कीमतों में इस तेज उछाल का सबसे बड़ा कारण मेमोरी कंपोनेंट्स की बढ़ती लागत और रुपये में कमजोरी बताई गई है।

मेमोरी चिप की बढ़ी कीमत ने बिगाड़ा गणित

स्मार्टफोन बनाने में इस्तेमाल होने वाली DRAM और NAND मेमोरी की कीमतों में तेज वृद्धि हुई है। Counterpoint के मुताबिक सितंबर 2025 के बाद स्मार्टफोन मेमोरी की कीमतें करीब चार गुना तक बढ़ चुकी हैं।

इसका सीधा असर फोन की निर्माण लागत पर पड़ा है। खासतौर पर ₹15,000 से कम कीमत वाले स्मार्टफोन में मेमोरी की हिस्सेदारी पहले 20% से कम थी, जो बढ़कर 45% से ज्यादा हो गई है। नतीजतन कंपनियों को कई मॉडल्स की कीमतें बढ़ानी पड़ी हैं।

बजट सेगमेंट सबसे ज्यादा प्रभावित

महंगे होते स्मार्टफोन का सबसे बड़ा असर बजट और mass-market segment पर देखने को मिल रहा है।

Counterpoint Research के अनुसार अप्रैल-जून 2026 तिमाही में ₹15,000 से कम कीमत वाले स्मार्टफोन के shipments में सालाना आधार पर 45% की गिरावट दर्ज की गई। इसी अवधि में भारत का कुल smartphone shipment भी 10% घटा, जो जून तिमाही में छह वर्षों की सबसे बड़ी गिरावट थी।

यानी ग्राहक अब पुराने फोन को जल्दी बदलने के बजाय उसे ज्यादा समय तक इस्तेमाल कर रहे हैं। कीमतों में वृद्धि और कमजोर discretionary spending ने replacement cycle को भी लंबा किया है।

₹10,000 से कम फोन की स्थिति

₹10,000 से कम कीमत वाले फोन पर दबाव विशेष रूप से ज्यादा है। हालांकि उपलब्ध विश्वसनीय स्रोतों से इस segment की बिक्री में 65% गिरावट की स्वतंत्र पुष्टि नहीं होती। IDC के Q1 2026 के आंकड़ों में sub-US$100 यानी लगभग इसी entry-level श्रेणी के shipments में 59% YoY गिरावट दर्ज की गई थी।

इससे संकेत मिलता है कि बहुत कम कीमत वाले स्मार्टफोन बाजार में उपलब्धता और demand दोनों पर दबाव बढ़ा है।

ग्राहक अब महंगे फोन की ओर क्यों जा रहे हैं?

दिलचस्प बात यह है कि बाजार में एक तरह का premiumization भी देखने को मिल रहा है। यानी कुछ ग्राहक बेहद सस्ते फोन खरीदने के बजाय थोड़ा अधिक बजट बढ़ाकर बेहतर specifications वाले मॉडल खरीद रहे हैं।

IDC के अनुसार Q1 2026 में sub-US$100 segment 59% गिरा, जबकि US$100-$200 वाले mass-budget segment में 10% की वृद्धि हुई। इससे पता चलता है कि entry-level ग्राहक का एक हिस्सा अगले price band की तरफ जा रहा है।

कंपनियां दे रही हैं EMI और फाइनेंसिंग का सहारा

बढ़ी हुई कीमतों के बीच कंपनियां और retailers EMI तथा financing options के जरिए ग्राहकों को आकर्षित करने की कोशिश कर रहे हैं।

Counterpoint के अनुसार Q2 2026 में NBFC और credit/debit card EMI जैसे smartphone financing विकल्पों की हिस्सेदारी mainline smartphone sales में 50% से ज्यादा रही। इससे महंगे फोन की upfront cost को कम करने में मदद मिल रही है।

पुराने और refurbished फोन की मांग बढ़ी

नई डिवाइस महंगी होने के कारण refurbished smartphone बाजार को भी फायदा मिला है। Counterpoint के मुताबिक भारत में refurbished smartphone volumes H1 2026 में 13% बढ़े, जबकि नए smartphones के volumes करीब 11% घटे।

इसका मतलब है कि कीमतों के दबाव के बीच कुछ ग्राहक नया बजट फोन लेने के बजाय पुराने premium smartphone को refurbished condition में खरीदना पसंद कर रहे हैं।

आगे भी कीमतों पर दबाव रह सकता है

Counterpoint Research का अनुमान है कि 2026 में भारत का smartphone market volume 13% YoY तक घट सकता है, क्योंकि memory और अन्य component costs ऊंचे बने हुए हैं। कंपनी के अनुसार affordability आने वाले समय में बाजार की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक रहेगी।

ग्राहकों के लिए इसका मतलब

अगर आप 2026 में नया smartphone खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो केवल launch price देखने के बजाय RAM/storage, processor, software updates, battery और exchange/EMI offers की तुलना करना महत्वपूर्ण होगा। मौजूदा बाजार में थोड़ा ज्यादा बजट लगाकर बेहतर और लंबे समय तक इस्तेमाल होने वाला फोन लेना कुछ ग्राहकों के लिए entry-level मॉडल से अधिक व्यावहारिक हो सकता है—हालांकि यह व्यक्तिगत जरूरत और बजट पर निर्भर करता है।

निष्कर्ष: 2026 में स्मार्टफोन बाजार का समीकरण बदल रहा है। बढ़ती memory लागत और रुपये की कमजोरी ने फोन की कीमतें बढ़ाई हैं, जबकि बजट segment में shipments पर दबाव पड़ा है। दूसरी ओर financing, premiumization और refurbished phones ग्राहकों के लिए वैकल्पिक रास्ते बनकर उभर रहे हैं।

India's smartphone market grows 3% in Q3 as festive sales, incentives drive  momentum | Technology News - The Indian Express
₹15,000 से कम वाले फोन की मांग घटी, महंगे स्मार्टफोन ने बढ़ाई ग्राहकों की परेशानी

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